Haryana news Hisar Government personnel encroached five acres of cremation ground, villagers wrote letters to PM and CM Haryana
तलवंडी राणा के तीन श्मशान घाटों में से एक पर कब्जा, दूसरे की चारदीवारी जीर्ण-शीर्ण अवस्था में तो तीसरे का मिटाया नामो-निशान
गांव के 16 पंचों एवं दो सौ से अधिक ग्रामीणों ने प्रधानमंत्री एवं मुख्यमंत्री को शिकायत भेजकर श्मशान घाट को कब्जा मुक्त करवाने की लगाई गुहार, बोले: चारो तरफ चारदीवारी बनाये सरकार
हिसार अब तक न्यूज, सुनील कोहाड़
एक तरफ जहां सरकार प्रदेश भर के श्मशान घाटों को आधुनिक बनाने का दावा करते नहीं थकती, वहीं निकटवर्ती गांव तलवंडी राणा के मुख्य श्मशान घाट पर कुछ सरकारी कर्मचारियों एवं एक दर्जन से अधिक दबंगों ने कब्जा कर रखा है। इसी से परेशान ग्रामीणों एवं जन प्रतिधिनियों ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, मुख्यमंत्री मनोहर लाल, उप-मुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला, गृह मंत्री अनिल विज, पंचायत मंत्री देवेन्द्र बबली, जिला उपायुक्त हिसार सहित करीब एक दर्जन मंत्रियों को शिकायत भेज कर गांव की मुख्य श्मशान भूमि को अवैध कब्जा मुक्त करवाने की गुहार लगाई है। साथ ही ग्रामीणों एवं अधिकांश पंचों ने मुख्य एवं दूसरे श्मशान घाटों के चारों तरफ चारदीवारी बनवाने की भी मांग की है। पूर्व पंच जगदीश रावत व अन्य पंचों एवं ग्रामीणों ने कहा है कि गांव तलवंडी राणा के कुछ सरकारी कर्मचारियों, उनके परिजनों एवं एक दर्जन के करीब दबंगों ने लंबे समय से श्मशान घाट की पांच-छह एकड़ पर कब्जा कर रखा है। ग्रामीणों के अनुसार इनमें से कर्मचारी जिला प्रशासन के मुख्य अधिकारियों के चहेते हैं और उनकी शह पर ही इन कर्मचारियों ने श्मशान भूमि कर कब्जा कर रखा है। पंच जगदीश रावत के अनुसार वर्तमान में तलवंडी राणा की मुख्य श्मशान भूमि की करीब पांच-छह एकड़ पर इनका कब्जा है, और ये प्रत्येक वर्ष खेती की जुताई एवं बिजाई की आड़ में आधे से एक एकड़ जमीन कब्जा लेते हैं। उनके अनुसार तलवंडी राणा के तीन श्मशान घाटों में से एक पर कई सरकारी कर्मचारियों एवं एक दर्जन के करीब दबंगों का अवैध कब्जा है, दूसरे श्मशान घाट(एस.सी.) की चारदीवारी जीर्ण-शीर्ण अवस्था में तो बिश्रोई समाज की श्मशान भूमि का तो नामो-निशान ही मिट गया है। ग्रामीणों ने प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री से लेकर तमाम मंत्रियों एवं अधिकारियों को लिखी शिकायत में गांव की श्मशान भूमियों का अवैध कब्जे से मुक्त कराने एवं आदर्श बनवाने की मांग की है।
इन 16 पंचों ने मांगा है न्याय:-
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर को लिखी शिकायत में तलवंडी राणा के पंच बलवंत खटाणा, पूर्व पंच जगदीश रावत, सोनू, रवि कुमार, सरिता, सुदेश, रीना, संदीप, सुनील, सुरेन्द्र, राजबाला, सुमित्रा वर्मा, पूजा, किरण रानी, मनीष, प्रवेश कुमार पंच सहित कुल 16 पंचों एवं छह पूर्व पंचों ने अविलंब न्याय मांगा है। पूर्व पंच जगदीश रावत के अनुसार ग्रामीणों को वर्तमान मुख्यमंत्री से उम्मीद है कि वो इस श्मशान भूमि को खाली कराने के साथ-साथ इसे आधुनिक बनाने में भी हमारी मदद करेंगे।
कहां-कहां भेजी है शिकायत:-
गांव तलवंडी राणा के 16 पंचों एवं दूसरे जनप्रतिनिधियों व दो सौ से अधिक ग्रामीणों ने श्मशान भूमि से अवैध कब्जा हटवाने के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, मुख्यमंत्री मनोहर लाल, उप-मुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला, गृह मंत्री अनिल विज, पंचायत मंत्री देवेन्द्र बबली, जिला उपायुक्त हिसार सहित करीब एक दर्जन मंत्रियों से गांव के श्मशान घाट को अवैध कब्जा मुक्त करवाने की गुहार लगाई है।
क्या है कहते हैं नियम:-
भू-राजस्व अधिनियम की धारा-91 के यदि पटवारी की मौका रिपोर्ट के आधार पर सरकारी जमीन पर किसी का अतिक्रमण/कब्जा पाया जाता है तो प्रशासन इसे अविलंब कब्जा मुक्त करवाने का प्रावधान है। इसमेें कब्जा कार्यवाही का पूरा खर्च रकम कब्जा धारक से वसूलने का भी नियम है। साथ ही अतिक्रमी को तीन माह की साधारण कारावास की सजा भी हो सकती है। यदि किसी सरकारी कर्मचारी सरकारी भूमि पर कब्जा साबित हो जाता है तो उसके खिलाफ सामान्य कार्यवाही के साथ-साथ विभागीय कार्यवाही भी हो सकती है।

